धारा 80 के लिए लिए मिलने वाली छूटें
Deduction Under Section 80
वित्त वर्ष 2014-15 और 2015-16 के लिए (वित्तीय वर्ष 2016-17 के लिए सूचीबद्ध परिवर्तनों के साथ)
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आयकर की धरा 80C, 80CCC & 80CCD के अंतर्गत मिलने वाली छूट :-
आयकर की धरा 80C, 80CCC & 80CCD के अंतर्गत मिलने वाली छूट :-
आयकर अधिनियम के धारा 80C के अंतर्गत आप अपनी आय से रुपये 1,50,000 तक के छुट के लिए आप दावा कर सकते हैं | आप अपने कुल कर योग्य आय से 80C के अंतर्गत 1,50,000 कम करा सकते हैं, और ये छूट व्यक्तिगत और HUF (Hindu Undivided Family) के लिए होता है | धरा 80C को धरा 88 के कुछ प्रावधानों को कम करके और कुछ प्रावधानों को बढ़ा कर नए नाम से प्रस्तुत किया गया जो 1 अप्रैल 2006 से प्रभाव में आया, इसके आलावा धरा 80 CCC को जो पेंशन स्कीम में योगदान से सम्बंधित था को भी इसी धरा 80C में मिला दिया गया है |
धरा 80C में मिलने वालें छूटों का विवरण निम्न प्रकार है :-
Public Provident Fund (PPF):- सभी प्रकार के उपलब्ध छोटे बचत योजनाओं में जिनमे निश्चित return मिलता है उसमे Public Provident Fund (PPF) सबसे अच्छा विकल्प होता है | (PPF) पर वर्त्तमान ब्याजदर 8.70% करमुक्त है और सामान्य परिपक्वता अवधि 15 वर्ष है | इसमें न्यूनतम 500 और अधिकतम 1,50,000 तक निवेश कर सकते हैं | ध्यान देने वाली बात ये है कि इसमें ब्याजदर के लिए आश्वासन दिया जा सकता है लेकिन निश्चित नहीं होता है , अर्थात इसमें ब्याजदर घट और बढ़ सकता है |
Provident Fund (PF) & Voluntary Provident Fund (VPF) : - PF कर्मचारी के खाते से सीधे हर महीने कटता रहता है| इसमें कर्मचारी और नियोक्ता दोनों ही अपना योगदान देते हैं | कर्मचारी द्वारा दिए गए योगदान पर कर में छुट का प्रावधान है, कर्मचारी का योगदान 80C के अंतर्गत निवेश माना जाता है | आपके पास नियमित भुगतान के अलावा एकमुश्त भुगतान की भी शुविधा होती है जिसे VPF (voluntary contributions Fund ) कहते हैं | इसमें 8.5% वार्षिक ब्याज डे होता है जो करमुक्त होता है |
National Savings Certificate (NSC) (VIII Issue): - NSC एक निश्चित समयावधि का निवेश होता है जिसमे 5 वर्ष या 10 वर्ष की परिपक्वता अवधि की सुविधा होता है | इसमें वर्तमान में 5 वर्ष के NSC पर 8.50% वार्षिक और 10 वर्ष के NSC पर 8.80% वार्षिक का व्याज देय है|
Stamp Duty and Registration Charges for home:- अगर आपनें घर खरीदा है और उसके लिए स्टाम्प ड्यूटी दिया है अथवा घर के रजिस्ट्रेशन के लिए जो धनराशि खर्च किये हैं वो धरा 80C के अन्तर्गत उस वर्ष करमुक्त होता है जिस वर्ष आपने घर खरीदा है |
Infrastructure Bonds:- इसे इन्फ्रा बांड भी कहते हैं, इसे सरकार की जगह इन्फ्रा स्ट्रक्चर कंपनी जरी करती हैं | इन bonds में किया गया निवेश धरा 80C के अंतर्गत करमुक्त होता है |
NABARD rular Bond :- नाबार्ड दो तरह के बांड जारी करता है :-
1- NABARD rular Bond
2- NABARD भविष्य निर्माण बांड
इन दोनों बांड्स में से केवल NABARD rular Bond ही धारा 80C के अंतर्गत कर छुट के लिए मान्य होता है |
धारा 80CCC : Deduction for Premium Paid for Annuity Plan of LIC or Other Insurer:-
जीवन बीमा के एक मुश्त योजना जो धारा 10 (23AAB) में निर्दिष्ट पेंशन योजना से सम्बंधित कोष में निवेश करने पर LIC या अन्य बीमा कंपनी के स्कीम में हो धारा 80CCC के अंतर्गत कर में छूट मिलता है |
ध्यान देने की बात ये है कि यदि करदाता इस बीमा को बीच में ही सरेंडर करता है तो उस वर्ष वो सरेंडर राशि करयोग्य होगी |
2- करदाता को वास्तव में किराये के मकान में रहता हो |
कर में छूट निम्न बिन्दुओं पर मिलती है :
1-Rent paid minus 10% of total income
2-Rs 2000/- प्रति महीना
3- कुल आय का 25%
वितीय वर्ष 2016- 17 के लिए कर में छूट की गणना 2000/- प्रति महीना से बढ़ा कर 5000/- प्रति महीना कर दिया गया है |
धरा 80C में मिलने वालें छूटों का विवरण निम्न प्रकार है :-
Public Provident Fund (PPF):- सभी प्रकार के उपलब्ध छोटे बचत योजनाओं में जिनमे निश्चित return मिलता है उसमे Public Provident Fund (PPF) सबसे अच्छा विकल्प होता है | (PPF) पर वर्त्तमान ब्याजदर 8.70% करमुक्त है और सामान्य परिपक्वता अवधि 15 वर्ष है | इसमें न्यूनतम 500 और अधिकतम 1,50,000 तक निवेश कर सकते हैं | ध्यान देने वाली बात ये है कि इसमें ब्याजदर के लिए आश्वासन दिया जा सकता है लेकिन निश्चित नहीं होता है , अर्थात इसमें ब्याजदर घट और बढ़ सकता है |
Provident Fund (PF) & Voluntary Provident Fund (VPF) : - PF कर्मचारी के खाते से सीधे हर महीने कटता रहता है| इसमें कर्मचारी और नियोक्ता दोनों ही अपना योगदान देते हैं | कर्मचारी द्वारा दिए गए योगदान पर कर में छुट का प्रावधान है, कर्मचारी का योगदान 80C के अंतर्गत निवेश माना जाता है | आपके पास नियमित भुगतान के अलावा एकमुश्त भुगतान की भी शुविधा होती है जिसे VPF (voluntary contributions Fund ) कहते हैं | इसमें 8.5% वार्षिक ब्याज डे होता है जो करमुक्त होता है |
National Savings Certificate (NSC) (VIII Issue): - NSC एक निश्चित समयावधि का निवेश होता है जिसमे 5 वर्ष या 10 वर्ष की परिपक्वता अवधि की सुविधा होता है | इसमें वर्तमान में 5 वर्ष के NSC पर 8.50% वार्षिक और 10 वर्ष के NSC पर 8.80% वार्षिक का व्याज देय है|
Life Insurance Premiums :- आप द्वारा अपना स्वयम का अपने पत्नी का और अपने बच्चों के जीवन बीमा के लिए किये गया कोई भी भुगतान धरा 80C के अंतर्गत कर में छुट पाने के योग्य होता है | Note - आपके द्वारा अपने माता पिता या अपने सास ससुर के जीवन बीमा के लिए किया गया कोई भी भी भुगतान धरा 80C अंतर्गत करमुक्त नहीं हो सकता है | अगर आपने एक से अधिक जीवन बीमा की पोलिसी ले रखी है तो आप सभी को जोड़ कर आयकर में छूट के लिए दावा कर सकते हैं |
Home Loan Principal Repayment :- आप ने होम लोन ले रखा है और हर महीने (EMI) देते हैं जिसमे Principal+ interest होता है इसमें से principal amount धारा 80C के अंतर्गत छुट पाने के योग्य है | ध्यान रहे गृह ऋण पर लगाने वाला ब्याज आयकर अधिनियम की धरा 24 के अंतर्गत छूट पाने के योग्य है |
Sukanya Samriddhi Account :- सुकन्या समृद्धि योजना में बच्ची के जन्म से लेकर 10 वर्ष की उम्र तक न्यूनतम 1000 के जमा राशि से कभी भी खुलवाया जा सकता है | एक वितीय वर्ष में अधिकतम 1,50,000 रुपये जमा किया जा सकता है | इस योजना में 14 वर्षों तक जमा किया जाता है |
ULIPS:- Ulips एक प्रकार का जीवन बीमा होता है इस योजना की धनराशि को शेयर मार्किट में निवेश किया जाता है | इसमें आप को उसी प्रकार छुट मिलेगा जैसे जीवन बीमा में मिलता है |
Equity Linked Saving Scheme (ELSS) :- ये म्यूच्यूअल फण्ड होता है जो विशेष रूप से कर बचाने के लिए निर्मित किया गया है , और इसे Equity Linked Saving Scheme (ELSS) कहा जाता है | इस योजना में निवेश की गई धनराशि पर धारा 80C के अन्तर्गत छूट पा सकते हैं |
पांच वर्षीय जमा योजनायें :- अधिसूचित बैंकों के पांच वर्षीय fixed deposits (FDs) और पांच वर्षीय Post Office Time Deposits (POTD) धारा 80C के अंतर्गत कर लाभ के लिए योग्य है |
Infrastructure Bonds:- इसे इन्फ्रा बांड भी कहते हैं, इसे सरकार की जगह इन्फ्रा स्ट्रक्चर कंपनी जरी करती हैं | इन bonds में किया गया निवेश धरा 80C के अंतर्गत करमुक्त होता है |
NABARD rular Bond :- नाबार्ड दो तरह के बांड जारी करता है :-
1- NABARD rular Bond
2- NABARD भविष्य निर्माण बांड
इन दोनों बांड्स में से केवल NABARD rular Bond ही धारा 80C के अंतर्गत कर छुट के लिए मान्य होता है |
धारा 80CCC : Deduction for Premium Paid for Annuity Plan of LIC or Other Insurer:-
जीवन बीमा के एक मुश्त योजना जो धारा 10 (23AAB) में निर्दिष्ट पेंशन योजना से सम्बंधित कोष में निवेश करने पर LIC या अन्य बीमा कंपनी के स्कीम में हो धारा 80CCC के अंतर्गत कर में छूट मिलता है |
ध्यान देने की बात ये है कि यदि करदाता इस बीमा को बीच में ही सरेंडर करता है तो उस वर्ष वो सरेंडर राशि करयोग्य होगी |
Section 80CCD: Deduction for Contribution to Pension Account
Employee's contribution – Section 80CCD(1) के अंतर्गत सभी व्यक्तिगत करदाता को जो अपने पेंशन खाते में निवेश करता है कर छूट ले सकता है | अधिकतम कर छुट करदाता के वेतन का 10% ( वेतनभोगी के लिए ), कुल आय का 10% ( निजी व्यवशाय वाले के लिए ) या 1,00,000 जो भी कम होगा | वितीय वर्ष 2015-16 के लिए ये लिमिट 1,00,000 से बढ़ा कर 1,50,000 कर दिया किया गया है |
Employer's contribution – Section 80CCD(2) :- जैसा की हम सभी जानते है कि पुरानी पेंशन योजना को बंद करके NPS को लागु किया गया है | करदाता द्वारा इस पेंशन योजना में जो उसका योगदान है (नियोक्ता के योगदान को छोड़ कर ) उस राशि पर कर में छुट मिलता है | अधिकतम कर छुट करदाता के वेतन का 10% | अटल पेंशन योजना में होने वाले निवेश को भी इस योजना में कर में लाभ दिया जाता है |
Employer's contribution – Section 80CCD(2) :- जैसा की हम सभी जानते है कि पुरानी पेंशन योजना को बंद करके NPS को लागु किया गया है | करदाता द्वारा इस पेंशन योजना में जो उसका योगदान है (नियोक्ता के योगदान को छोड़ कर ) उस राशि पर कर में छुट मिलता है | अधिकतम कर छुट करदाता के वेतन का 10% | अटल पेंशन योजना में होने वाले निवेश को भी इस योजना में कर में लाभ दिया जाता है |
Deductions on Interest on Savings Account
Section 80 TTA: Deduction from gross total income for Interest on Savings bank account
कोई भी व्यक्तिगत या HUF करदाता अपने बचत खाता पर मिलने वाले ब्याज में अधिकतम रुपये 10,000 का कर लाभ पा सकता है | बचत खाते में पर मिला ब्याज पहले 'अन्य आय' में जोड़ दिया जायेगा फिर वास्तव में मिला ब्याज अथवा 10,000 रुपये जो भी कम हो को कर मुक्त किया जायेगा | ये ब्याज किसी बैंक, को-ऑपरेटिव सोसाइटी अथवा पोस्ट ऑफिस के खतों पर मिल सकता है |Deductions on House Rent
Section 80GG: Deduction for House Rent Paid where HRA is not received :-
1- ये छुट उन करदाताओं को मिलता है जिन्हें HRA नहीं मिलता है और करदाता, उसकी पत्नी या उसके अवयस्क बच्चे के नाम से कोई मकान वहां न हो जहाँ वो कार्यरत है |2- करदाता को वास्तव में किराये के मकान में रहता हो |
कर में छूट निम्न बिन्दुओं पर मिलती है :
1-Rent paid minus 10% of total income
2-Rs 2000/- प्रति महीना
3- कुल आय का 25%
वितीय वर्ष 2016- 17 के लिए कर में छूट की गणना 2000/- प्रति महीना से बढ़ा कर 5000/- प्रति महीना कर दिया गया है |
Deductions on Education Loan for Higher Studies
Section 80E: Deduction for Interest on Education Loan for Higher Studies
पढाई के लिए लिए गए शिक्षा ऋण पर लगाने वाले ब्याज पर भी कर लाभ मिलता है | यह कर करदाता अपने लिए, उसकी पत्नी के लिए या अपने बच्चों के लिया है तो उसे कर लाभ मिलेगा | यह छूट अधिकाताम 8 वर्षों तक मिलता है |
Deduction for First Time Home Owners
Section 80EE: Deductions on Home Loan Interest for First Time Home Owners :-
इस धारा के अंतर्गत उन व्यक्तिगत करदाताओं को लाभ मिलता है जो पहली बार घर खरीदने के लिए गृह ऋण लिए है | घर की कीमत 40 लाख या उससे कम होनी चाहिए और लोन 25 लाख से कम होना चाहिए |
Deductions on Rajiv Gandhi Equity Saving Scheme (RGESS)
Section 80CCG: Rajiv Gandhi Equity Saving Scheme (RGESS) :- इस योजन का शुभारम्भ 2012 के बजट में किया गया | निवेशक जिनका कुल आय 12 लाख से कम होता है वो इस स्कीम के तहत निवेश कर सकते हैं |
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